नदी में नहाने गए 15 वर्षीय युवक की डूबने से हुई मृत्यु,7 घंटे बाद एसडीआरएफ ने रेस्क्यू कर निकाला शव ।
जन्मदिन पर बुझ गया घर का चिराग़:
सिंगोली।रविवार का दिन रतनगढ़ निवासी अंतिम कुमार छिपा के परिवार के लिए कभी न भूलने वाला बन गया। लगभग 15 वर्षीय गौरव का आज जन्मदिन था, लेकिन नियति ने ऐसा दर्द लिखा कि इस दिन की याद हमेशा आंखें नम कर देगी। ग्राम ताल में उज्जैनी पर्व के अवसर पर आयोजित पारिवारिक भोज में शामिल होने आया गौरव दोपहर में अपने दो दोस्तों के साथ गांव के बाहर बहने वाली रोजड़ी नदी में नहाने गया। तीनों पानी में उतरे, पर बाहर सिर्फ दो ही निकल सके। गौरव पानी की गहराई में कहीं लापता हो गया।चीख-पुकार मचते ही ग्रामीण दौड़े और फिर प्रशासन को सूचना दी गई। कुछ ही देर में तहसीलदार प्रेम शंकर पटेल, थाना प्रभारी बी.एल. भाबर और नगर परिषद टीम मौके पर पहुंची। नीमच से एसडीआरएफ प्रभारी संदीप भंवर और डीआरसी टीम प्रभारी जयपाल सिंह ने भी गोताखोरों के साथ मोर्चा संभाला। करीब 7 घंटे चले रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद शाम 5:30 बजे गौरव का शव पानी से बाहर निकाला गया।गौरव अपने परिवार का इकलौता चिराग़ था। उसके चाचा के भी संतान नहीं है, इस कारण पूरे परिवार की उम्मीदें उसी से थीं। कुछ ही दिनों में उसकी बहन की शादी थी, घर में खुशियों का माहौल था, पर एक पल में सबकुछ मातम में बदल गया। मां का रो-रोकर बुरा हाल है, और पिता इतने गहरे सदमे में हैं कि बोल तक नहीं पा रहे। जन्मदिन के दिन बेटे का शव देखना किसी भी मां-बाप के लिए सबसे बड़ा दुख होता है।नदी किनारे उमड़े सैकड़ों ग्रामीणों की आंखें नम थीं। एक मां की चीखें, एक पिता की चुप्पी और एक बुझा हुआ चिराग़—ये दृश्य हर किसी के दिल को झकझोर गया।
