ब्याज माफिया के चंगुल में फंसे पीड़ितों में जागी नए एसपी बी आदित्य से न्याय की उम्मीद


बीस लाख की फिरौती मांगने का पीड़ित ने लगाया आरोप।
गवाही नहीं देने को लेकर धमकाने का लगाया आरोप।
1 वर्ष से ज्ञापन तक ही सीमित फिरौती और ब्याज माफियाओं पर कार्यवाही ।
फिरौती ब्याज माफियाओं के चुंगल में फंसकर लोग कर रहे आत्महत्या तो कई घर हुए बेघर।
प्रतापगढ़। जिले सहित अरनोद थाना क्षेत्र में चल रहा फिरौती ब्याज माफियाओं का बड़ा कारोबार।
पुलिस थाने में मामला दर्ज होने के बाद भी फिरौती ब्याज माफियाओं ने पीड़ित के साथ की गई थी मारपीट।
समझौता नहीं करने पर गोली मारने की दी गई धमकी को लेकर एसपी को सोपा ज्ञापन।
जी हां। राजस्थान के प्रतापगढ़ जिले में फिरौती ब्याज माफियाओं पर कठोर कार्रवाई नहीं होने के चलते। फिरौती ब्याज माफियाओं के हौसले बुलंद होते जा रहे हैं। मुसीबत में फंसे लोगों को पैसा देकर खाली स्टांप पर सिग्नेचर करवा कर मनचाही रकम और और पन्द्रह से बीस रुपए सैकड़े का ब्याज लगाकर प्लॉट, घर, वाहन, जेवर आदि वस्तुओं को कब्जे में लेकर पीड़ितों को अपने घर से बेघर किया जा रहा है। यहां तक की घर मकान वाहन कब्जे में लेने के बाद भी पीड़ितों को पुलिस कार्रवाई नहीं किए जाने की धमकी देकर मारपीट की जा रही है। पीड़ितों की थाने में सुनवाई नहीं होने के बाद प्रतापगढ़ पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन पर ज्ञापन देने के बाद भी फिरौती ब्याज माफियाओं पर कार्यवाही नहीं होने पर पीड़ित भटकने को मजबूर है। प्रतापगढ़ थाना एवं अरनोद थाना क्षेत्र में फिरौती ब्याज माफिया के खिलाफ अधिकांश मामले दर्ज नहीं किए जा रहे हैं और कार्रवाई नहीं होने से पीड़ित ने प्रतापगढ़ एसपी से ज्ञापन के मार्फत न्याय दिलाने की गुहार लगाई गई।

